सुमिरन पर पद

इष्ट और गुरु का सुमिरन

भक्ति-काव्य का प्रमुख ध्येय रहा है। प्रस्तुत चयन में सुमिरन के महत्त्व पर बल देती कविताओं को शामिल किया गया है।

पहाड़ा

धरनीदास

बारहमासा

धरनीदास

देखा जहान बीच

ब्रजनिधि

झटपट भज ले सीताराम

मध्व मुनीश्वर