सौंदर्य पर सवैया

सौंदर्य सुंदर होने की

अवस्था या भाव है, जो आनंद और संतोष की अनुभूति प्रदान करता है। सौंदर्य के मानक देश, काल, विषय और प्रसंग में बदलते रहते हैं। प्रस्तुत चयन में उन कविताओं को शामिल किया गया है; जिनमें सुंदरता शब्द, भाव और प्रसंग में प्रमुखता से उपस्थित है।

पिंडली वर्णन (नखशिख)

अब्दुर्रहमान 'प्रेमी'

जात न मो पै चलो सजनी

सुखदेव मिश्र
बोलिए