पहिले ना बोलत रहे बाकिर अब बोले लागल
pahile na bolat rahe bakir ab bole lagal
शिव संदेश
Shiv Sandesh
पहिले ना बोलत रहे बाकिर अब बोले लागल
pahile na bolat rahe bakir ab bole lagal
Shiv Sandesh
शिव संदेश
और अधिकशिव संदेश
पहिले ना बोलत रहे बाकिर अब बोले लागल
नयका धनिक बा, ओहि से मन डोले लागल
ऊ अब नइखे सुनत इहाँ केकरो कवनो बात
हर लोग के बात में, आपन बात घोले लागल
ऊ भेटाएल हमरा से बाजार में बहुत दिन बाद
हमरा के देख सोना जइसन भाव मोले लागल
सबेरे सँझिया भीड़ रहेला ओकरा दुअरा पर
नयाँ नयाँ लोग अब घर ओकर टटोले लागल
सिक्का बड़ा आवाज करेला, रोपेया से जादा
लोग के बदलाव से मन शिव के पोले लागल
- पुस्तक : बेचैन संदेश (भोजपुरी गजल-संग्रह) (पृष्ठ 4)
- रचनाकार : शिव संदेश
- प्रकाशन : भोजपुरी प्रज्ञा प्रतिष्ठान, काठमांडू, नेपाल
- संस्करण : 2024
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