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क्षेत्रीय भाषा पर बेला

03 फरवरी 2026

तेग़ अली : भोजपुरी ग़ज़ल के प्रथम पुरुष

तेग़ अली : भोजपुरी ग़ज़ल के प्रथम पुरुष

साहित्य ‘में’, या साहित्य ‘से’ किसी क़िस्म की कोई बदमाशी होती नहीं, या हो नहीं सकती—ऐसी कोई बात अगर कही जाती है, तो मैं तो कम से कम ठीक-ठीक नहीं ही कह सकता कि इस बात में किसकी तौहीन ज़्यादा है, बदमाश