Font by Mehr Nastaliq Web

मैनेजर पांडेय के उद्धरण

कबीरपंथ में कबीर के विचारों की दुर्गति के इतिहास से साबित होता है कि कोई क्रांतिकारी विचारधारा विरोधियों की आलोचनाओं से नहीं मरती, वह इतिहास-प्रक्रिया से बेख़बर अनुयायियों की अंधश्रद्धा, कट्टरवादिता और महत्त्वाकांक्षा से मरती है।