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किछु बात कहए नैना

kichhu baat kahe naina

अमित पाठक

अमित पाठक

किछु बात कहए नैना

अमित पाठक

और अधिकअमित पाठक

    किछु बात कहय नैना

    किछु लाथ करय नैना

    सन्देह तखन ने हेतै कोना, कऽ दीअय ने

    टोना

    किछु बात कहय...

    खन सरुवर सन शीतल-निर्मल

    खन धधकैत आगि जेना पजरल

    नहि ठीक जे कउखन ककरा पर कोन घात

    करय नैना

    किछु बात कहय...

    कत् भ्रमरक नजरि उताहुल कऽ

    दृगपानक लेल व्याकुल कऽ

    झट फीरि कोनो दिस जानि किए पुनि कात

    करय नैना

    किछु बात कहय...

    एहि नैनक फेरमे फान बड़े

    आफदि पड़इछ जान बड़े

    भरि राति एकरहि सुरतामे जागि प्रात करय

    नैना

    किछु बात कहय...।

    स्रोत :
    • पुस्तक : गीत-गगन (पृष्ठ 64)
    • रचनाकार : अमित पाठक
    • प्रकाशन : नवारम्भ
    • संस्करण : 2024

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