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जेठ-बइसाखवा के तलफी भुभुरिया

jeth baisakhva ke talphi bhubhuriya

महेन्द्र मिसिर

महेन्द्र मिसिर

जेठ-बइसाखवा के तलफी भुभुरिया

महेन्द्र मिसिर

और अधिकमहेन्द्र मिसिर

    (निर्गुण)

    जेठ-बइसाखवा के तलफी भुभुरिया

    ननदिया मोरी रे,

    चलत में पउआँ पिराय, ननदिया मोरी रे!

    अपने ना अइलन पिया, भेजे ना सनेसवा

    ननदिया मोरी रे,

    भेजि दिहले डोलिया-कँहार, ननदिया मोरी रे!

    सँग के सहेली सम छोड़ के परइली

    ननदिया मोरी रे,

    डोलिया चढ़त डरवा होय, ननदिया मोरी रे!

    टोला-पड़ोसिन मिलि डोलिया चढ़वली

    ननदिया मोरी रे,

    डालि दिहली सबुज ओहार, ननदिया मोरी रे!

    कहत महेन्दर, मोरा पिया निरमोहिया

    ननदिया मोरी रे,

    छूटल जाला बाबा के दुआर, ननदिया मोरी रे!

    स्रोत :
    • पुस्तक : महेन्द्र मिसिर के चुनिंदा भोजपुरी गीत (पृष्ठ 36)
    • संपादक : भगवती प्रसाद द्विवेदी
    • रचनाकार : महेन्द्र मिसिर
    • प्रकाशन : सर्व भाषा ट्रस्ट, नई दिल्ली
    • संस्करण : 2021

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