'निर्वासिता' यह एक सामाजिक उपन्यास है। इसका प्लॉट मौलिक है और यह एक शिक्षा प्रद उपन्यास है। इसनें यह दिखलाया गया है कि आज कल हिंदू समाज आजकल अपनी कन्याओं के विवाह में कितनी असावधानी करता है, और उसके कैसे भयंकर परिणाम होते हैं।
हिन्दवी उत्सव 2026
रजिस्टर कीजिए