आदमखोर नानक सिंह का पंजाबी भाषा में लिखा गया श्रेष्ठ उपन्यास है। इसका हिंदी अनुवाद कृष्ण कुमार जोशी ने किया है। भारत की स्वतन्त्रता के पक्ष में लिखने के कारण अंग्रेजी सरकार ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था। उन्होने कई उपन्यासों की रचना की। प्रस्तुत पुस्तक में लेखक ने सामाजिक राजनीति पर व्यंग्य किया है। ढहते समाज और लुटते समाज की ओर सजगता दिखाई है।
हिन्दवी उत्सव 2026
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